भिलाई नगर निगम में बने अलग से “दिव्यांग मित्र” विभाग; टोल फ्री नंबर पर कॉल करते ही मिले ‘घर पहुंच सेवा’ – जसप्रीत सिंह
दुर्ग, 25 मार्च 2026: आम आदमी पार्टी, भिलाई के नेता जसप्रीत सिंह ने आज जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर भिलाई नगर निगम की कार्यप्रणाली में आमूल-चूल परिवर्तन की मांग की है. जसप्रीत सिंह ने स्पष्ट किया कि दिव्यांगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर कटवाना बंद कर प्रशासन को उनके द्वार तक पहुँचना चाहिए.
प्रमुख मांगें: स्वतंत्र “दिव्यांग मित्र” विभाग: भिलाई नगर निगम के अंतर्गत एक समर्पित “दिव्यांग मित्र” विभाग का गठन किया जाए, जो केवल दिव्यांगजनों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए उत्तरदायी हो.
टोल फ्री नंबर और डोरस्टेप डिलीवरी: एक विशेष टोल फ्री नंबर जारी किया जाए, जिस पर कॉल करते ही 60% से 90% दिव्यांगों को राशन कार्ड, पेंशन और ट्राई-साइकिल जैसे उपकरणों की सुविधा उनके घर पर ही प्रदान की जाए.
घर पर दस्तावेजी प्रक्रिया: सर्वे और अन्य कागजी कार्यवाही के लिए अधिकारी स्वयं दिव्यांगों के घर जाकर प्रक्रिया पूर्ण करें, ताकि उन्हें निगम की सीढ़ियां न चढ़नी पड़ें.
प्रशासन की संवेदनहीनता पर प्रहार:
प्रेस को संबोधित करते हुए आम आदमी पार्टी के नेता जसप्रीत सिंह ने बताया कि पिछले मंगलवार को जोन-3 कार्यालय में एक 80% दिव्यांग (बनवारी मेश्राम) को अपनी पेंशन के लिए पुरानी सर्वे सूची खुद खोजने को कहा गया, जबकि जिम्मेदार अधिकारी अपने मोबाइल पर गेम खेलने में व्यस्त थे. उन्होंने कहा कि यदि एक दिव्यांग को अपने हक के लिए भीख मांगने जैसी स्थिति में लाया जाता है, तो यह प्रशासन के लिए डूब मरने वाली बात है.
निष्कर्ष:
जसप्रीत सिंह ने मांग की है कि भिलाई नगर निगम को एक “दिव्यांग मित्र” प्रशासन बनाया जाए. इस संबंध में एक ज्ञापन मुख्यमंत्री सचिवालय और नगर निगम आयुक्त को भी प्रेषित किया गया है.
मेहरबान सिंह, धर्मेंद्र चौधरी, अविनाश, रऊफ अंसारी, जसप्रीत सिंह, हचरण सिंह, अमजद अली, कई लोग कार्य उपस्थित थे ज्ञापन देने मेंभिलाई नगर निगम में बने अलग से “दिव्यांग मित्र” विभाग; टोल फ्री नंबर पर कॉल करते ही मिले ‘घर पहुंच सेवा’
राशन कार्ड, पेंशन और ट्राई-साइकिल जैसे उपकरणों के लिए दिव्यांगों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसके लिए कलेक्टर में आज ज्ञापन दिया गया
