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आचार्य श्री विद्यासागर महाराज जी को भारत रत्न देने का सांसद विजय बघेल ने किया आग्रह…

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  • सेक्टर-6 में विश्व मैत्री मिलन एवं क्षमावाणी पर्व पर भव्य आयोजन*

भिलाई, 4 अक्टूबर 2026। सेक्टर-6 में जैन ट्रस्ट, जैन मिलन एवं जैन महिला क्लब के संयुक्त तत्वावधान में विश्व मैत्री मिलन दिवस एवं क्षमावाणी पर्व का भव्य आयोजन श्रद्धा, उल्लास एवं सामाजिक एकता के वातावरण में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में *दुर्ग लोकसभा क्षेत्र के सांसद आदरणीय श्री विजय बघेल जी* विशेष रूप से उपस्थित रहे।

 

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद श्री विजय बघेल जी ने कहा कि क्षमावाणी पर्व हमें आपसी मतभेद एवं मनमुटाव भूलकर क्षमा, प्रेम और मैत्री का भाव अपनाने की प्रेरणा देता है। जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को आत्मचिंतन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि वास्तव में आत्मनिंदा ही सर्वोत्तम निंदा है।

व्यक्ति को सबसे पहले अपने भीतर की कमियों एवं कषायों को पहचानकर उनमें सुधार करना चाहिए।

 

उन्होंने कहा कि हमें अपनी कषायों का दमन करते हुए समाज को एकजुट करने का प्रयास करना चाहिए।

 

समाज जब एकजुट होकर आगे बढ़ता है, तभी उसकी शक्ति बढ़ती है। जैन समाज की क्षमा, अहिंसा, मैत्री एवं अनेकांत की भावना पूरे समाज के लिए प्रेरणादायी है।

 

सांसद श्री विजय बघेल जी ने अपने संबोधन में आचार्य श्री विद्यासागर महाराज जी को भारत रत्न प्रदान करने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा कि आचार्य श्री जैसे महान संत के व्यक्तित्व, तप, त्याग एवं समाज और राष्ट्र के लिए उनके योगदान के सामने भारत रत्न जैसा सम्मान भी छोटा है, लेकिन एक राष्ट्रीय सम्मान के रूप में उन्हें भारत रत्न प्रदान करना उनके प्रति श्रद्धा एवं कृतज्ञता की अभिव्यक्ति होगी।

 

उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी भी आचार्य श्री विद्यासागर महाराज जी के प्रति विशेष श्रद्धा रखते थे और आचार्य श्री के दर्शन के लिए डोंगरगढ़ दो बार पधारे थे।

आचार्य श्री के देवगमन के समय प्रधानमंत्री जी ने उनके व्यक्तित्व, तप, त्याग एवं समाज के लिए उनके योगदान को स्मरण करते हुए अपने विचार व्यक्त किए थे।

 

सांसद श्री विजय बघेल जी ने कहा कि वे स्वयं भी आचार्य श्री को भारत रत्न प्रदान किए जाने के लिए अपने स्तर से आग्रह एवं निवेदन करेंगे।

 

उन्होंने कहा कि मुनि श्री तरुण सागर महाराज जी, मुनि श्री विशुद्ध सागर महाराज जी एवं आचार्य श्री विद्यासागर महाराज जी के चरणों से यह नगरी पावन हुई है।

इन महान संतों के मार्गदर्शन एवं आशीर्वाद से समाज को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली है।

भगवान महावीर स्वामी की जयकारा के साथ अहिंसा परमो धर्म और जी और जीने दो कि जयकारा लगाते हुए आज सभा में

तपस्वियों एवं प्रतिभागियों का सम्मान

 

कार्यक्रम में दशलक्षण पर्व के दौरान 30 दिन, 20 दिन एवं 10 दिन तक उपवास करने वाले श्रावक-श्राविकाओं का सम्मान किया गया। साथ ही कार्यक्रम में विभिन्न प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागियों को भी सम्मानित किया गया।

 

सांसद श्री विजय बघेल जी ने कहा कि इन तपस्वियों का सम्मान करना वास्तव में अपने आप में ही एक सम्मान की अनुभूति है।

 

उन्होंने कहा कि ऐसे तपस्वियों के बीच आकर और उनके तप एवं त्याग का सम्मान करते हुए उन्हें बहुत शांति का अनुभव हो रहा है।

 

आज आयोजित कुर्सी प्रतियोगिता के पुरुष वर्ग में प्रथम क्रमांक श्री प्रदीप जी साधना बाकलीवाल ने प्राप्त किया, जिन्हें सम्मानित किया गया।

 

इसके साथ ही समाज के 80 वरिष्ठजनों का भी सम्मान किया गया। सांसद श्री विजय बघेल जी का भी तिलक लगाकर एवं शॉल ओढ़ाकर सम्मान किया गया।

 

तीनों जैन परंपराओं के मंदिरों के दर्शन

 

कार्यक्रम के दौरान सांसद श्री विजय बघेल जी ने श्वेतांबर, दिगंबर एवं स्थानकवासी—तीनों जैन परंपराओं के मंदिरों के दर्शन किए।

उन्होंने सभी परंपराओं के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए सामाजिक एवं धार्मिक एकता की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।

 

राग-द्वेष मिटाकर एकता के साथ रहने का संकल्प

 

विश्व मैत्री मिलन एवं क्षमावाणी पर्व के इस पावन अवसर पर जैन ट्रस्ट, जैन मिलन, जैन महिला क्लब सहित सभी समितियों के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने आपसी राग-द्वेष एवं मनमुटाव को मिटाकर प्रेम, भाईचारे और सद्भाव के साथ रहने तथा समाज की एकता को मजबूत करने का संकल्प लिया।

 

कार्यक्रम के दौरान समस्त ट्रस्टी, पदाधिकारी एवं सदस्यों ने एक-दूसरे से क्षमा याचना की और क्षमावाणी पर्व की भावना को आत्मसात करते हुए मन, वचन और व्यवहार से हुई भूलों के लिए एक-दूसरे से क्षमा मांगी।

 

 

प्रमुख रूप से उपस्थित

 

जैन ट्रस्ट के अध्यक्ष श्री दानमल जी पोरवाल, जैन मिलन के अध्यक्ष श्री संजय चतुर कोषाध्यक्ष श्री मुकेश जैन, प्रबंधक ट्रस्टी प्रकाश गोलछा दिगंबर जैन मंदिर के प्रबंधक ट्रस्टी प्रबंधक श्री प्रदीप जैन बाकलीवाल, निर्मल कोचर, श्री अशोक पहाड़िया, श्री ज्ञानचंद जैन, महावीर बेगानी राजेश मारुति श्री राजेश जैन, श्री अरविंद जैन, श्री कजोड़ मल जैन, दिनेश जैन, ज्ञानचंद जैन श्री प्रमोद जैन मुकेश बाकलीवाल राजेश जैन एवं श्री राजीव जैन स्वर्णिम जैन आशीष नहर सहित

सकल जैन समाज जैन ट्रस्ट, जैन मिलन एवं जैन महिला क्लब के पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।

 

कार्यक्रम में 10 लक्षण पर्व पर तप एवं उपवास करने वाले श्रावक-श्राविकाओं, 80 वरिष्ठजनों, विभिन्न प्रतियोगिताओं के प्रतिभागियों तथा बड़ी संख्या में समाज के श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।

हजारों की संख्या में उपस्थित श्रावक-श्राविकाओं ने क्षमावाणी पर्व के पावन अवसर पर एक-दूसरे से

 

. क्षमा याचना किया कार्यक्रम का समापन क्षमा, मैत्री, भाईचारे, आत्मचिंतन एवं सामाजिक एकता के संदेश के साथ हुआ।

 

सभी ने संकल्प लिया कि राग-द्वेष को त्यागकर, आपसी प्रेम और भाईचारे के साथ एकजुट होकर समाज को आगे बढ़ाएंगे।

 

जैन ट्रस्ट प्रबंधक ट्रस्टी दिगंबर जैन मंदिर

प्रदीप जैन बाकलीवाल

उपाध्यक्ष जैन मिलन