- 40 से अधिक पंडालों के लिए तैयार हो रहीं करीब 1500 मूर्तियां
दुर्ग । शारदीय नवरात्रि के आगमन को लेकर शहर सहित आसपास के क्षेत्रों में तैयारियां तेज हो गई हैं। 11 अक्टूबर से शुरू होने वाले नवरात्रि पर्व के लिए मां दुर्गा की आकर्षक प्रतिमाओं को अंतिम रूप देने में थनौद के मूर्तिकार दिन-रात जुटे हुए हैं। मूर्तिकारों की कार्यशालाओं में इन दिनों विशेष चहल-पहल है। प्रतिमाओं पर की जा रही बारीक नक्काशी, आकर्षक रंगाई और कलात्मक सजावट मां दुर्गा के स्वरूप को जीवंत और मनमोहक बना रही है।
थनौद के मूर्तिकार रामा चक्रवर्ती ने बताया कि थनौद में निर्मित मां दुर्गा की प्रतिमाओं की मांग छत्तीसगढ़ के अलावा महाराष्ट्र, तेलंगाना, मध्यप्रदेश सहित अन्य राज्यों में भी है। इस वर्ष 40 से अधिक पंडालों के लिए लगभग 1500 प्रतिमाएं तैयार की जा रही हैं। नवरात्रि नजदीक आने के साथ ही मूर्तिकार प्रतिमाओं को समय पर तैयार करने के लिए लगातार मेहनत कर रहे हैं, ताकि श्रद्धालु भक्तिभाव के साथ मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापना कर सकें।
पद्मनाभपुर में जगन्नाथ मंदिर का
पंडाल बनेगा आकर्षण का केंद्र
दुर्ग के पद्मनाभपुर स्थित जनता मार्केट में भी नवरात्रि उत्सव को लेकर विशेष तैयारियां की जा रही हैं। पूर्व पार्षद राजेश शर्मा ने बताया कि जनता मार्केट में समिति द्वारा 32वें वर्ष मां दुर्गा उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। हर वर्ष की तरह इस बार भी श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण तैयार किया जा रहा है। इस वर्ष पंडाल को पुरी के प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर की थीम पर सजाया जाएगा, जहां आकर्षक साज-सज्जा के बीच मां दुर्गा विराजमान होंगी। श्री शर्मा ने बताया कि नवरात्रि के दौरान भव्य पंडाल और मां दुर्गा की मनमोहक प्रतिमा श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगी। पर्व को लेकर श्रद्धालुओं और आयोजन समिति में उत्साह का माहौल है।



