June 9, 2026

आगामी त्यौहारो एवं धार्मिक कार्यक्रमों को दृष्टिगत रखते हुये अति. पुलिस अधीक्षक, दुर्ग व्दारा जिले के डीजे संचालको की लिया गया बैठक…

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  1. डीजे संचालकों को दिये गये आवश्यक दिशा-निर्देश* ।
  2. माननीय न्यायालय का कड़ाई से पालन करने दिये निर्देश* 
  3. लगभग 100 संचालक हुए बैठक में शामिल* 

 आज दिनांक 15.07.2025 को श्रीमान् वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, दुर्ग के निर्देशन* में *अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दुर्ग* एवं *नगर पुलिस अधीक्षक भिलाई नगर* द्वारा पुलिस नियंत्रण कक्ष भिलाई में *दुर्ग जिले को डी.जे. संचालकों* का बैठक लिया गया जिसमें *आगामी त्यौहारों एवं धार्मिक कार्यक्रमों* को दृष्टिगत रखते हुए आवश्यक निर्देश दिया गया। निदेर्शों में *शासकीय संपत्ति अथवा अन्य प्रकार की किसी वस्तुओं/ सुविधाओं का उपयोग किया जावे तो उसकी पूर्वानुमति कार्यालय* से प्राप्त किया जाना अनिवार्य है, *लाउड स्पीकर या ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग सार्वजनिक स्थलों* पर उस *क्षेत्र के परिवेश ध्वनि पैमाने से 10 डी. बी. (ए) से अधिक नहीं होना चाहिये या 75 डी. बी. (ए) से अधिक* नहीं अथवा इनमें से जो भी कम है, से अधिक नहीं होना चाहिये, *रात्रि 10. 00 बजे से प्रातः 06.00 बजे के मध्य ध्वनि विस्तारक यंत्र* , *वाद्य यंत्रों का उपयोग प्रतिबंधित रहेगा, ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग के दौरान एन.जी.टी. एवं शासन के व्दारा ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण* के लिये निर्धारित *मानकों, कोलाहल अधिनियम एवं माननीय सर्वोच्च न्यायालय तथा उच्च न्यायालय* के दिशा निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन किया जावे, *वाहनों पर वाद्य यंत्रों का प्रयोग प्रतिबंधित रहेगा, आयोजन से आम जनता बाधित न हो एवं मार्ग को ब्लाक नहीं* किया जावे, किसी प्रकार के *विवाद की स्थिति निर्मित होने पर अभिमत स्वतः निरस्त* हो जाएगा समस्त *शासकीय, अशासकीय अस्पताल, समस्त शासकीय, अशासकीय शैक्षणिक संस्थान, जिला एवं सत्र न्यायालय तथा अन्य न्यायालय* , समस्त *शासकीय कार्यालय की 100 मीटर की सीमा को कोलाहल प्रतिबंधित क्षेत्र (जोन्स आफ साइलेंस* ) घोषित किया गया है, अतः इसका पालन किया जाना अनिवार्य है, *माननीय उच्च न्यायालय, बिलासपुर (छ.ग.) व्दारा प्रकरण WPPIL©️-88@2023* , दिनांक *20.11.2023 कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 एवं The Noise Pollution (Regulation and Control) Rules 2000* में पारित निर्देशों का पालन किया जायेगा ।

*बैठक में जिले के लगभग 100 डी.जे. संचालक* शामिल हुए