46 जगहों पर एआई से चालान शुरू, टू-व्हीलर पर दोनों के लिए हेलमेट जरूरी…
- 46 जगहों पर एआई से चालान शुरू, टू-व्हीलर पर दोनों के लिए हेलमेट जरूरी
शहरवासियों को अब ट्रैफिक नियम तोड़ना महंगा पड़ेगा, क्योंकि शहर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) शुरू हो गया है। मंगलवार को डीजीपी गौरव यादव ने सिविल लाइंस स्थित पुलिस लाइन में बने इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) का उद्घाटन कर इस हाईटेक सिस्टम को जनता को समर्पित किया। इसके साथ ही मोहाली और जालंधर के बाद लुधियाना राज्य का तीसरा ऐसा शहर बन गया है जहां ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह डिजिटल निगरानी में आ गई है।
नए सिस्टम के जरिए अब नियम तोड़ने वालों की पहचान मौके पर मौजूद पुलिस नहीं बल्कि कैमरे करेंगे और चालान अपने आप जनरेट होगा। दौरे के दौरान डीजीपी ने अधिकारियों के साथ बैठक कर लोगों की शिकायतों के तुरंत समाधान के निर्देश दिए। इसके बाद पुलिस लाइंस में 550 से ज्यादा जवानों के साथ ‘वड्डा खाना’ कर टीम वर्क और मनोबल बढ़ाने का संदेश दिया।
ऐसे करें ई-चालान का भुगतान
1. ई-चालान कटते ही वाहन मालिक के रजिस्टर्ड फोन नंबर पर एसएमएस भेजा जाता है।
2. वाहन मालिक ‘Parivahan’ वेबसाइट या ‘Digital Traffic Challan’ एप पर वाहन नंबर डाल चालान चेक कर सकते हैं।
3. चालान का भुगतान ऑनलाइन परिवहन पोर्टल या स्थानीय ट्रैफिक पुलिस के सुविधा केंद्रों पर किया जा सकता है।
4. पुराना वाहन खरीदने या मोबाइल नंबर बदलने पर आरसी में नया नंबर अपडेट करवाएं।
5. सही मोबाइल नंबर अपडेट न होने पर चालान की सूचना नहीं मिलती और मामला कोर्ट तक पहुंच सकता है।
9 तरह के उल्लंघन पर ऑटोमैटिक चालान
शहर के 46 प्रमुख पॉइंट्स पर लगाए गए एआई कैमरे हर वाहन की गतिविधि रिकॉर्ड करेंगे। 9 तरह के ट्रैफिक नियम जैसे रेड लाइट जंप, स्टॉप लाइन क्रॉस, बिना हेलमेट, पीछे बैठे का हेलमेट न होना, ट्रिपल राइडिंग, ओवरस्पीड, जेब्रा क्रॉसिंग उल्लंघन, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और गलत पार्किंग जैसे नियम तोड़ने पर तुरंत अलर्ट बनाकर ई-चालान जारी करेंगे। इससे कार्रवाई में देरी खत्म होगी।