आबकारी एसआई फंसे, दिव्यांग सर्टिफिकेट की होगी जांच

एमपी। सागर जिले के सत्यम रजक, जिन्हें हाल ही में मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) द्वारा आयोजित परीक्षा में दिव्यांग कोटे से आबकारी सब इंस्पेक्टर के पद पर चयनित किया गया था, अब विवादों के घेरे में हैं. सत्यम ने इस परीक्षा में अपनी दृष्टिबाधितता का सर्टिफिकेट प्रस्तुत किया था. लेकिन हाल ही में सोशल मीडिया पर उनके बाइक चलाते हुए कुछ फोटो वायरल होने के कारण उनके चयन पर सवाल खड़े हो गए हैं. सत्यम रजक के सोशल मीडिया पर फोटो और वीडियो वायरल होने के बाद उज्जैन के रहने वाले एक युवक ने सिलेक्शन पर सवाल खड़े किए. उज्जैन जिले के महिदपुर रोड इलाके में रहने वाले प्रिंस यादव ने सत्यम रजक के सिलेक्शन को गलत बताते हुए मामले की जांच की मांग की है और सवाल उठाये है कि अगर सत्यम दृष्टिबाधित है तो उसका ड्राइविंग लइसेंस कैसे बना? और अगर उसकी आंख सही है और वो बाइक चला सकता है तो फिर उसका दृषिबधित का सर्टिफिकेट कैसे बना? अपनी शिकायत के साथ प्रिंस यादव ने सोशल मीडिया पर सत्यम रजक के बाइक चलाते हुए फोटो भी अटैच किये हैं.