अब La Nina वाली सर्दी से सिकुड़ेंगे फेफड़े, वैज्ञानिकों की चेतावनी…
ला नीना इफेक्ट की वजह से इस बार ज्यादा ठंड पड़ने की भविष्यवाणी की गई है। जिससे आपके फेफड़े और सांस की नली सिकुड़ सकती है। खांसी, सांस की तकलीफ और अन्य दिक्कतों से बचने के लिए चेस्ट की डॉक्टर ने 3 उपाय बताए हैं।
साल 2025 में ला नीना इफेक्ट की वजह से कड़ाके की ठंड पड़ने वाली है। ऐसा वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है। यह एक जलवायु घटना है, जिसकी वजह से औसतन से ज्यादा बारिश होती है। लेकिन इसी के कारण आपको सर्दी में ज्यादा ठंड का सामना करना पड़ता है। IMD ने उत्तर और मध्य भारत में ठंड और पॉल्यूशन के ज्यादा खतरे से बचने के उपाय अपनाने के लिए कहा है।
ला नीना वाली सर्दी की वजह से अक्टूबर और जनवरी के बीच ठंडी हवा जमीन के ज्यादा करीब रहेगी और इसमें पीएम2.5 लेवल का ज्यादा स्तर होने का खतरा भी रहेगा। साथ में नाइट्रोजन डाइऑक्साइड (NO₂), सल्फर डाइऑक्साइड (SO₂) और ग्राउंड लेवल ओजोन (O₃) आदि गैस से हवा प्रदूषित हो सकती है।
लंबे समय तक पीएम2.5 पार्टिकल्स और खतरनाक गैस के संपर्क में रहने से फेफड़ों की क्षमता कम हो सकती है। इम्यून सिस्टम कमजोर होने से निमोनिया, इंफ्लूएंजा और ब्रोंकाइटिस जैसी फेफड़ों की बीमारी हो सकती हैं। बच्चे, बुजुर्गों और पहले से रेस्पिरेटरी प्रोब्लम के मरीजों को इससे ज्यादा खतरा हो सकता है।
फेफड़ों में सिकुड़न
फेफड़ों में सिकुड़न
ठंडी हवा से फेफड़ों में सांस का रास्ता सिकुड़ जाता है। जिससे स्वस्थ लोगों को भी सांस लेने में जोर लगाना पड़ता है। कैलाश दीपक हॉस्पिटल की कंसल्टेंट चेस्ट फिजिशियन डॉक्टर लवलीन शर्मा के मुताबिक ठंड और पॉल्यूशन की अस्थमा, ब्रोंकाइटिस और सीओपीडी के मरीजों को काफी दिक्कत हो सकती हैं। स्वस्थ लोगों को भी खांसी, सांस फूलने और सांस लेने पर आवाज होने की समस्या हो सकती है।
डॉक्टर ने बताए 3 उपाय
डॉक्टर ने बताए 3 उपाय
ला नीना वाली सर्दी से बचने के लिए डॉक्टर लवलीन शर्मा ने 3 उपाय बताए हैं। आपको ठंड व प्रदूषण के संपर्क में आने से बचने, इम्यूनिटी बूस्ट करने और शरीर को गर्म रखने की जरूरत होती है। साथ ही अगर आप बाहर जा रहे हैं तो मास्क या स्कार्फ से नाक व मुंह को ढककर रखें।
ऐसे साफ रखें हवा
घर के अंदर की हवा को साफ रखें। इसके लिए एयर प्यूरिफायर लगाएं, घर के अंदर एलोवेरा, पीस लिलि जैसे पौधे लगाएं, जो हवा साफ करने में मदद करते हैं। घर को धूल-मिट्टी से साफ रखें और ठंड कम करने के लिए कैरोसीन हीटर या लकड़ी का इस्तेमाल ना करें।
ऐसे रखें खुद को गर्म
सर्दी से बचने के लिए शरीर को गर्म रखना जरूरी है। इसके लिए मोटे व गर्म कपड़े पहनें, इंसुलेटेड दस्ताने और जूतों का उपयोग करें। इससे शरीर सूखा भी रहेगा और हाइपोथर्मिया का खतरा नहीं रहेगा। सुबह व रात के वक्त घर के अंदर रहने की कोशिश करें।
इम्यूनिटी बढ़ाने का तरीका
इम्यूनिटी बढ़ाने से एक अतिरिक्त सुरक्षा मिल जाती है। लहसुन, तुलसी, आंवला, हल्दी वाला दूध और बादाम आदि खाने से शरीर का नेचुरल फाइटिंग सिस्टम मजबूत बनता है। लहसुन-तुलसी में एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं। आंवला और बादाम विटामिन सी और ई देते हैं, जो फेफड़ों के टिश्यू को बचाते हैं।