होर्मुज में अमेरिका की खुली धमकी: ‘वापस जाओ नहीं तो कार्रवाई के लिए तैयार रहें’…
- अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट में ईरानी जहाजों की नाकेबंदी शुरू कर दी है, उन्हें वापस मुड़ने या बल प्रयोग की चेतावनी दी जा रही है। …
- अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट में ईरानी जहाजों की नाकेबंदी की
- ईरान ने अमेरिकी कार्रवाई को गैर-कानूनी बताया, जवाबी कार्रवाई की चेतावनी
- USS अब्राहम लिंकन युद्धपोत नाकेबंदी अभियान में तैनात
नई दिल्ली। अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट की नाकेबंदी शुरू कर दी है। इसके साथ ही सभी ईरानी बंदरगाहों और अन्य तटीय इलाकों से आने वाली ईरान की सभी जहाजों को रोकने का काम किया जा रहा है। हालांकि, ईरान ने इसे गैर-कानूनी बताया है। नाकेबंदी की कार्रवाई को लेकर US सेंट्रल कमांड ने X पर ऑडियो रिकॉर्डिंग पोस्ट की है।
CENTCOM के ऑडियो में कहा गया, नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश न करें। ईरानी बंदरगाहों से आने-जाने वाले जहाजों पर रोक लगाने और उन्हें जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है। इस दौरान जहाजों को वापस मुड़ने और नाकेबंदी का पालन करने की बात भी कही जा रही हैं। ऐसा नहीं करने पर, बल प्रयोग करने की चेतावनी दी जा रही है।
नाकेबंदी के लिए USS अब्राहम लिंकन युद्धपोत तैनात
वहीं, एक और पोस्ट में, CENTCOM ने कहा कि USS स्ट्राइक कैरियर ग्रुप अब्राहम लिंकन के लगभग 5,000 नाविक और मरीन जहाजों को रोकने के लिए अभियान चला रहे हैं। पोस्ट में उन्होंने लिखा, “ईरानी बंदरगाहों में प्रवेश करने और वहां से निकलने वाले जहाजों को रोकने का मिशन चलाया जा रहा है। USS अब्राहम लिंकन (CVN 72) अरब सागर में उड़ान अभियान चला रहा है।”
ईरान ने अमेरिका की ओर से की जा रही किसी भी नाकेबंदी की कार्रवाई को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। उनके विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने कहा कि वह देश नाकेबंदी के लायक नहीं है, और चेतावनी दी कि यह नाकेबंदी एक नाजुक संघर्ष-विराम का उल्लंघन करती है और ईरानी सशस्त्र बलों को जवाबी कार्रवाई के लिए मजबूर करती है।
अमेरिका ने थोपा युद्ध तो होर्मुज में बिगड़ी व्यवस्था
बगाई ने आगे कहा, “होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा दशकों से ईरान द्वारा सुनिश्चित की गई है। ईरान इस जलमार्ग की सुरक्षा का रक्षक रहा है।” पिछले 40 दिनों के दौरान इस जलमार्ग में सुरक्षा को लेकर कुछ परेशानी हो रही है, जो कि अमेरिका द्वारा थोपे गए युद्ध के कारण हुआ।
उन्होंने किसी भी विदेशी दखल को खारिज करते हुए कहा कि, क्षेत्रीय मामलों में कोई भी कदम या हस्तक्षेप स्थिति को और भी ज्यादा जटिल बना देगा। बगाई ने जोर देकर कहा कि ईरान, एक तटीय देश होने के नाते और क्षेत्रीय देशों की मदद से, जलडमरूमध्य की सुरक्षा करने में पूरी तरह सक्षम है। बशर्ते कि इस क्षेत्र में अमेरिकी आक्रामकता और हस्तक्षेप खत्म हो जाए।