यूथ हॉस्टल्स एसोसिएशन ऑफ इण्डिया दुर्ग भिलाई इकाई द्वारा अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस आयोजित…
दुर्ग भिलाई । यूथ हॉस्टल्स एसोसिएशन ऑफ इण्डिया दुर्ग भिलाई इकाई द्वारा अन्तर्राष्ट्रीय महिला दिवस का आयोजन किया गया । इस आयोजन में घर परिवार से लेकर कार्यस्थल तक महिलाओं के लिए अवसर और चुनौतियों पर गम्भीर चर्चा हुई । विधि विशेषज्ञों ने महिलाओं की अधिकार और कानून के सम्बन्ध में ज्ञानवर्धक जानकारी दी । इस आयोजन में लैंगिक उत्पीड़न , शारीरिक मानसिक शोषण एवं समान कार्य समान वेतन जैसे विषयों पर सारगर्भित चर्चा हुई ।
अधिवक्ता सुरिन्दर कौर ब्रोका , श्वेता तिवारी एवं सुलेखा साहू ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को उनके अधिकारों , अस्मिता और सम्मान तथा जीवन के सभी क्षेत्रों में उनके उल्लेखनीय योगदान के प्रति जागरूक करना था । वक्ताओं ने अपने प्रेरणादायक उद्बोधन में महिला शिक्षा , आत्मनिर्भरता और महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया । इस दरम्यान कर्नल रिटा. हरिशरण जीत कौर ने महिलाओं को स्वास्थ्य सम्बन्धी महत्त्वपूर्ण जानकारी प्रदान की ।
प्रिया जाँगड़े एवं राजश्री श्रृंगारपुतले ने बताया कि छत्तीसगढ़ में महिलाएँ काफी हद तक हर दृष्टि से स्वतंत्र और अधिकार सम्पन्न हैं । इस आयोजन में महिलाओं की दशा और दिशा पर सार्थक बातचीत हुई । विचार विमर्श में महिला और पुरुष दोनों ही वर्ग के प्रबुद्ध सदस्यों ने अपने विचार खुलकर रखे । उन्होंने महिलाओं के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा और आर्थिक स्वतंत्रता पर विशेष बल दिया ।
संस्था के चेयरमेन के. सुब्रमण्यम एवं कोषाध्यक्ष हेमलाल देवाँगन ने बताया कि इस आयोजन में सभी सदस्यों ने समवेत स्वर में स्वीकार किया कि स्त्री पुरुष एक दूसरे के पूरक हैं । एक दूसरे को सम्पूर्णता प्रदान करते हुए ही हम अपने अस्तित्व को सार्थक कर सकते हैं । दोनों ही परस्पर सहयोग कर एक दूसरे के सकारात्मक पक्षों और गुणात्मक विशेषताओं को उभार सकते हैं ।
दुर्ग भिलाई इकाई के प्रेसिडेंट और विधि विशेषज्ञ ऋषिकान्त तिवारी एवं अधिवक्ता विकास चौधरी ने बताया कि घर परिवार से लेकर कार्यस्थल तक महिलाओं की सुरक्षा के लिए सभी प्रकार से कानून हैं । जागरूकता के अभाव में ही महिला वर्ग शोषित , उत्पीड़ित और उपेक्षित होती है । महिलाओं को व्यक्तित्व विकास के लिए सभी क्षेत्रों में समान अवसर हैं ।
दुर्ग भिलाई इकाई के सचिव सुबोध देवाँगन ने बताया कि आयोजन को सफल बनाने में नवजीत कौर ब्रोका , सरोज अग्रवाल , तारकेश्वरी साहू , उषा रानी यादव , फाल्गुनी चौधरी , पूर्णिमा चटर्जी , श्रुति चटर्जी , मंजीत कौर , दिव्या शर्मा , हेमांगी ऋषि , काशवी त्रिपाठी , के. स्तुति , निखिल त्रिपाठी , चैतन्य ऋषि , गुरप्रीत सिंह सोइन ,सतानन्द तिवारी , अक्षत तिवारी , अविनाश तिवारी , किशोर छबलानी , देशबन्धु शर्मा , परमजीत सिंह , जसबीर कौर ब्रोका , सुखबीर सिंह ब्रोका , राजेश मराठे एवं संजय साहू की सक्रिय भागीदारी रही ।