बाबा साहेब सेवा संस्था द्वारा जयपाल सिंह मुंडा जी की 56वीं पुण्यतिथि पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित किया याद…
कोण्डागांव बाबा साहेब सेवा संस्था द्वारा जयपाल सिंह मुंडा जी की 56वीं पुण्यतिथि पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करना एक सराहनीय पहल है।जयपाल सिंह मुंडा, जिन्हें ‘मरांग गोमके’ (महान नेता) के नाम से भी जाना जाता है, का भारतीय इतिहास में अद्वितीय स्थान है। उनके योगदान को याद करना न केवल उनके प्रति सम्मान है, बल्कि समाज को उनके संघर्षों से अवगत कराना भी है।जयपाल सिंह मुंडा जी का अविस्मरणीय योगदान संविधान सभा के सदस्य: उन्होंने संविधान सभा में आदिवासी समाज की आवाज को प्रखरता से रखा और उनके अधिकारों व पहचान के लिए निरंतर संघर्ष किया।खेल जगत में गौरव: उनकी कप्तानी में ही भारतीय हॉकी टीम ने 1928 के एम्स्टर्डम ओलंपिक में अपना पहला स्वर्ण पदक जीता था।झारखंड आंदोलन के प्रणेता: उन्होंने आदिवासियों के हितों की रक्षा के लिए ‘आदिवासी महासभा’ का गठन किया, जिसने आगे चलकर पृथक झारखंड राज्य की नींव रखी।सामाजिक जागरूकता और संस्था की भूमिका बाबा साहेब सेवा संस्था द्वारा इस तरह के आयोजन समाज के युवाओं को महापुरुषों के सिद्धांतों और उनके द्वारा दिखाए गए समानता के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करते हैं। जयपाल सिंह मुंडा जी ने हमेशा जल, जंगल और जमीन के साथ-साथ शिक्षा और खेल को भी उन्नति का माध्यम माना था। इस कार्यक्रम में संस्था के ओमप्रकाश नाग, रमेश पोयाम, मुकेश मार्कंडेय, पुष्कर सिंह मंडावी, अनुज नाहरिया व संस्था के पदाधिकारी उपस्थित रहे।