एंजल एंग्लो हायर सेकेंडरी स्कूल में सजी यादों की महफिल, 22वें स्थापना दिवस पर एल्युमिनी मीट ने जोड़े पुराने रिश्ते,देश-प्रदेश से लौटे पूर्व विद्यार्थियों ने साझा की सफलता की कहानी, गुरुओं का किया सम्मान और स्कूल के सुनहरे दिनों को किया याद…
राधेश्याम सोनवानी,गरियाबंद :- एंजल एंग्लो हायर सेकेंडरी स्कूल (AAHS) का 22वां स्थापना दिवस और एल्युमिनी मीट-2026 शनिवार को उत्साह, भावनाओं और यादों के बीच आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण कर चुके पूर्व छात्र-छात्राएं देश के अलग-अलग हिस्सों से अपने पुराने विद्यालय पहुंचे। किसी ने डॉक्टर बनकर पहचान बनाई है तो कोई इंजीनियर, व्यवसायी और विभिन्न क्षेत्रों में सफल होकर विद्यालय का नाम रोशन कर रहा है। वर्षों बाद अपने शिक्षकों और साथियों से मिलकर सभी पूर्व छात्र भावुक नजर आए।
विद्यालय परिसर में भव्य मंच सजाया गया था। कार्यक्रम की शुरुआत स्वागत समारोह से हुई। इसके बाद पूर्व विद्यार्थियों ने मंच से अपने स्कूल जीवन की यादें साझा कीं। उन्होंने कहा कि आज जो भी मुकाम हासिल किया है, उसकी मजबूत नींव विद्यालय और शिक्षकों द्वारा दिए गए संस्कार, अनुशासन और शिक्षा ने रखी। कई पूर्व विद्यार्थियों ने अपने पसंदीदा शिक्षकों के साथ बिताए पलों को याद करते हुए कहा कि स्कूल की सीख आज भी उनके जीवन का मार्गदर्शन कर रही है।
विद्यालय के प्राचार्य स्टेफर्ड बर्न्स ने सभी पूर्व विद्यार्थियों का आत्मीय स्वागत करते हुए कहा कि “विद्यालय केवल पढ़ाई का केंद्र नहीं, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण की कार्यशाला है। किसी भी शिक्षक के लिए इससे बड़ा गर्व का क्षण नहीं हो सकता कि उसके विद्यार्थी जीवन में सफलता की नई ऊंचाइयों को छुएं। आज हमारे पूर्व छात्र देश-प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी पहचान बना रहे हैं, यही विद्यालय की सबसे बड़ी उपलब्धि है।” उन्होंने सभी अतिथियों को स्मृति स्वरूप एक-एक पौधा भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिक्षिका प्राची कुटारे ने कहा कि “पूर्व विद्यार्थियों को वर्षों बाद सफलता के साथ अपने विद्यालय लौटते देखना हर शिक्षक के लिए भावुक और गर्व का क्षण होता है। यही बच्चे कभी इस परिसर में सपने देखते थे और आज उन्हीं सपनों को साकार कर नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा बन गए हैं।”
शिक्षिका गुरनूर कुकरेजा ने कहा कि “विद्यालय और विद्यार्थियों का रिश्ता कभी खत्म नहीं होता। यहां से मिली शिक्षा, संस्कार और यादें जीवनभर साथ रहती हैं। आज पूर्व छात्रों की उपलब्धियां यह साबित करती हैं कि मेहनत, अनुशासन और सही मार्गदर्शन से हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।”
कार्यक्रम के दौरान वर्तमान 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया। गीत, संगीत और नृत्य की प्रस्तुतियों पर पूर्व विद्यार्थियों ने भी तालियां बजाकर उनका उत्साहवर्धन किया। पूरे आयोजन में पुराने दिनों की यादें, गुरु-शिष्य का स्नेह और विद्यालय के प्रति अपनापन साफ झलकता रहा।
इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य स्टेफर्ड बर्न्स, उप प्राचार्य अनिता पिग, पूर्व एवं वर्तमान शिक्षक-शिक्षिकाएं तथा बड़ी संख्या में पूर्व छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन विद्यालय की निरंतर प्रगति, विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य और संस्था को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के संकल्प के साथ हुआ।
उपस्थित रहे: प्राचार्य स्टेफड बंस , उप प्राचार्य अनिता पिंगे, महेंद्र सिंह, चमन लाल साहू, निलेश निपान, रोजवेल बस, संतोष निराला, गुरनूर कुकरेजा, अरुंधती शर्मा, श्रावणी मिश्रा, रजना यादव, उमा गोस्वामी, दुमिश्वरी साहू, चिराग नेताम, चुलेश्वरी ध्रुव, प्राची कुटारे, शाहजहां खान, सत्यम नवलेकर, छबिली साहू, मनीषा सिन्हा, रुपेश सिन्हा, शोभा रानी साहू, झामिल साहू, जान्हवी निषाद, नेहा लोन्हारे, खिलेश्वरी पटेल, चित्रसेन साहू, विष्णु साहू, श्रीमती सारिका महाडिक, श्रीमती सविता पटेल, उहर लाल पटेल, सिम्मी विल्सन, शिवेश शुक्ला सहित पूर्व शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में पूर्व छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

