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नवीन आपराधिक कानून के तहत त्वरित विवेचना पर जोर, समय-सीमा में अभियोग पत्र प्रस्तुत करने वाले 20 विवेचक सम्मानित…

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  • ▪️ *प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को नवीन आपराधिक कानून के प्रावधानों के अनुरूप एफआईआर के बाद त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना करने के संबंध में दिशा-निर्देश दिए गए।*
  • ▪️ *विवेचना पूर्ण कर निर्धारित समय-सीमा में अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत करने की प्रक्रिया, जिम्मेदारी एवं समयबद्धता पर विशेष जोर दिया गया।*
  • ▪️ *जिले में कार्यरत विवेचकों द्वारा एफआईआर के बाद त्वरित विवेचना कर समय-सीमा में अभियोग पत्र प्रस्तुत किए जाने की कार्यवाही की समीक्षा की गई।*
  • ▪️ *समयबद्ध विवेचना एवं अभियोग पत्र प्रस्तुत करने वाले 20 विवेचकों को उनके कार्य के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।*
  • ▪️ *दुर्ग पुलिस द्वारा विवेचना की गुणवत्ता, समयबद्धता एवं न्यायालयीन प्रक्रिया में प्रभावी समन्वय सुनिश्चित करने के लिए निरंतर कार्यवाही की जा रही है।*

नवीन आपराधिक कानून के प्रावधानों के तहत अपराध दर्ज होने के बाद विवेचना को अनावश्यक रूप से लंबित न रखते हुए निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत करने पर विशेष जोर दिया गया।

नवीन आपराधिक कानून के प्रावधानों के अनुरूप अपराध पंजीबद्ध होने के पश्चात त्वरित विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया जाना महत्वपूर्ण है। इसी क्रम में प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को विवेचना की प्रक्रिया, समयबद्धता, साक्ष्य संकलन तथा अभियोग पत्र प्रस्तुत करने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

जिले में कार्यरत विवेचकों द्वारा एफआईआर के पश्चात त्वरित कार्रवाई करते हुए निर्धारित समय-सीमा में विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किए जाने के कार्य की समीक्षा की गई। उपलब्ध अभिलेखीय आंकड़ों के आधार पर समयबद्ध विवेचना एवं अभियोग पत्र प्रस्तुत करने वाले विवेचकों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

मॉडस ऑपरेंडी (अपराध करने का तरीका)

 

यह प्रेस विज्ञप्ति पुलिस की विवेचना एवं न्यायालयीन प्रक्रिया से संबंधित होने के कारण अपराध करने के तरीके का उल्लेख आवश्यक नहीं है।

 

सम्मानित विवेचक

समयबद्ध विवेचना एवं अभियोग पत्र प्रस्तुत करने वाले विवेचकों में थाना सुपेला, भिलाई नगर, जामुल, अंडा, पुलगांव, वैशाली नगर, खुर्सीपार, धमधा, पाटन, छावनी एवं कुम्हारी में पदस्थ अधिकारी-कर्मचारी शामिल हैं। प्रशस्ति पत्र प्राप्त करने वाले विवेचकों में उमेश शुक्ला, ओमप्रकाश साहू, हरचंद सिंह, रविन्द्र सिंह, शिव चंद्रा, अभिषेक मिश्रा, शशिकांत साहू, जितेन्द्र शुक्ला, राजीव दुबे, वेदराम चंद्रवंशी, रमेश दुबे, चंद्रिका प्रसाद, रविन्द्र कुमार ठाकुर, जय प्रकाश सूर्यवंशी, चेतन साहू, गोविंदनाथ चौधरी, सुनील वर्मा, लोकेश लहरी, मदन बिंझकर एवं हेमंत कुमार शामिल हैं।

सराहनीय कार्य

 

समय-सीमा में विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र प्रस्तुत करने वाले उक्त विवेचकों द्वारा प्रकरणों की त्वरित विवेचना, आवश्यक साक्ष्य संकलन एवं न्यायालयीन प्रक्रिया के अनुरूप अभियोग पत्र प्रस्तुत करने में किए गए कार्य को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर मान्यता दी गई।

दुर्ग पुलिस की अपील

दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि किसी भी अपराध की जानकारी होने पर तत्काल पुलिस को सूचित करें। अपराध की सूचना प्राप्त होने पर पुलिस द्वारा नियमानुसार त्वरित कार्रवाई, निष्पक्ष विवेचना एवं वैधानिक प्रक्रिया का पालन सुनिश्चित किया जाएगा।

 

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